क्या GEO के लिए वेबसाइट दोबारा बनानी होगी?
कोई कहे कि GEO के लिए वेबसाइट नए सिरे से बनानी पड़ेगी, तो उससे मौजूदा साइट की वह समस्या दिखाने को कहें जो वहीं ठीक नहीं हो सकती। AI के जवाब में कंपनी का नाम नहीं आया, इतने भर से न तकनीकी खराबी साबित होती है, न प्लेटफ़ॉर्म बदलने की ज़रूरत।
कंटेंट की कमी, टेम्पलेट की गड़बड़ी, एक्सेस की समस्या और रखरखाव की सीमा चार अलग चीज़ें हैं। हर एक का सुधार अलग तरह का हो सकता है, इसलिए इन्हें एक साथ न गिनें।
| समस्या | पहले क्या जाँचें |
|---|---|
| सेवा की शर्तें अस्पष्ट | क्या मौजूदा पेज का टेक्स्ट सुधारा जा सकता है? |
| कई पेजों पर एक गलती | क्या साझा टेम्पलेट में सुधार संभव है? |
| शुरुआती HTML में ज़रूरी जानकारी नहीं है | क्या सर्वर यह जानकारी JavaScript चलने से पहले भेज सकता है? |
| अलग भाषाओं के पेज और जानकारी अपडेट करना कठिन | क्या ज़रूरी फ़ील्ड और जानकारी रखने का तरीका जोड़ा जा सकता है? |
हमारी अपनी साइट पर फ़ाइलों के पते की एक गलती 16 कानूनी दस्तावेज़ों में दिख रही थी। संसाधनों और नेविगेशन के लिंक ठीक करके इसे सुलझाया जा सकता था; प्लेटफ़ॉर्म बदलने की ज़रूरत नहीं थी। हर वेबसाइट पर ऐसा ही होगा, यह नहीं कहा जा सकता। फिर भी कई पेजों पर एक जैसी समस्या दिखे तो पहले उसका साझा कारण खोजें।
डेवलपर से ठोस तुलना माँगें
कोई एक अहम सेवा पेज लें और देखें कि ब्राउज़र में जो जानकारी और लिंक दिखते हैं, वे शुरुआती HTML में भी हैं या नहीं। सर्वर का जवाब भी मिलाएँ। पूरा तरीका JavaScript वाली गाइड में है।
फिर डेवलपर से पूछें कि मौजूदा सिस्टम में यह सुधार असंभव या महँगा क्यों है। तीन रास्ते सामने रखें: पेज का संपादन, टेम्पलेट का सुधार और माइग्रेशन। हर एक में कितना काम है, क्या सीमाएँ हैं और बाद में रखरखाव कैसा रहेगा, इसी पर तुलना करें। Google की AI गाइड कोई विशेष GEO प्लेटफ़ॉर्म नहीं माँगती। दूसरे सिस्टम की ज़रूरतें अलग से जाँचें।
नया सिस्टम कब उचित हो सकता है
प्लेटफ़ॉर्म बदलना तब उचित हो सकता है जब मौजूदा सिस्टम में प्रोडक्ट की ज़रूरी जानकारी रखने की जगह ही न हो, हर भाषा अलग से अपडेट न हो सके या मुख्य कंटेंट ज़रूरी तरीके से उपलब्ध न कराया जा सके। रोज़मर्रा के बदलावों में कितना समय लगता है, यह भी देखें। इन सीमाओं की पुष्टि उसी व्यक्ति से करवाएँ जो वेबसाइट सँभालता है।
नई साइट की लागत में पुराना कंटेंट ले जाना और जाँचना, दूसरे सिस्टम जोड़ना, सहायता और ज़रूरत पड़ने पर पुराने संस्करण पर लौटना भी गिनें। यह भी देख लें कि आपकी टीम नई साइट अपडेट कर पाएगी या नहीं। नहीं कर पाई तो जानकारी फिर पुरानी होने लगेगी।
पहले एक टेम्पलेट बनाएँ
पूरी साइट ले जाने से पहले एक अहम पेज बनाकर देखें। हर भाषा में उसका कंटेंट, लिंक और संपर्क फ़ॉर्म जाँचें, और उसे संपादित करके भी देखें। कई मुश्किलें इसी चरण में सामने आ सकती हैं। बाकी साइट की जाँच फिर भी करनी होगी।
URL बदल रहे हैं तो पुराने और नए पतों की सूची बनाएँ और रीडायरेक्ट, canonical, भाषा लिंक व साइटमैप जाँचें। ये काम Google के माइग्रेशन दस्तावेज़ में समझाए गए हैं।
समस्या की पहचान ही नहीं हुई है तो GEO ऑडिट से शुरू करें। सीमाओं की पुष्टि हो जाए, तब सुधार योजना में काम के चरण और हर चरण को जाँचने का तरीका तय करें।
प्रकाशित: · geo-rank.ai संपादकीय टीम द्वारा जाँचा गया · हम कैसे जाँचते हैं